रांची। झारखंड में बारिश के बीच अचानक बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। राज्य के 10 जिलों में अगले 24 घंटे के दौरान फ्लैश फ्लड की आशंका जताई गई है। फ्लैश फ्लड गाइडेंस के अनुसार, कई जलग्रहण क्षेत्रों और आसपास के क्षेत्रों में कम से मध्यम स्तर के अचानक बाढ़ का जोखिम है।
यह चेतावनी बुधवार तक प्रभावी रहेगी। ऐसे में नदी-नालों के आसपास और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सतर्क रहने की जरूरत है। वहीं, फ्लैश फ्लड की आशंका वाले जिलों में गढ़वा, पलामू, लातेहार, लोहरदगा, गुमला, खूंटी, सरायकेला-खरसावां, पूर्वी सिंहभूम, सिमडेगा और पश्चिमी सिंहभूम शामिल हैं।
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लगातार बारिश के कारण कई क्षेत्रों में मिट्टी पहले से ही पानी से संतृप्त है। ऐसे में कम समय में होने वाली तेज बारिश का पानी जमीन में समाने के बजाय तेजी से बह सकता है।इससे निचले इलाकों में जलभराव के साथ स्थानीय स्तर पर बाढ़ की स्थिति बन सकती है। वहीं, बुधवार को भी रांची में बारिश होने की संभावना है।
नदी-नालों के आसपास विशेष सावधानी
बारिश के दौरान नदी, नाला, पुल-पुलिया और छोटे ग्रामीण रास्तों पर अचानक पानी का बहाव तेज हो सकता है। फ्लैश फ्लड की स्थिति में कुछ ही समय में पानी का स्तर बढ़ने की आशंका रहती है।
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इससे सड़क संपर्क प्रभावित होने के साथ आवागमन भी बाधित हो सकता है। लोगों को सलाह दी गई है कि तेज बारिश के दौरान जलजमाव वाले रास्तों या उफनते नदी-नालों को पार करने का जोखिम नहीं उठाएं।
बंगाल की खाड़ी में बने सिस्टम का असर
मौसम विभाग के अनुसार गांगेय पश्चिम बंगाल और उससे सटे उत्तर तटीय ओडिशा, झारखंड तथा उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना स्पष्ट निम्न दबाव का क्षेत्र झारखंड के मौसम को प्रभावित कर रहा है
इसके प्रभाव से राज्य में बारिश की गतिविधियां सक्रिय रहने की संभावना है। इसी को देखते हुए मौसम विभाग ने प्रभाव आधारित पूर्वानुमान जारी किया है।
रांची में बारिश से बदला मौसम का मिजाज
राजधानी रांची में मंगलवार को रुक-रुककर हुई बारिश ने मौसम का मिजाज बदल दिया। आसमान में दिनभर बादल छाए रहे और बारिश के कारण तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई। मौसम सुहाना होने से लोगों को उमस और गर्मी से राहत मिली।
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भारत मौसम विज्ञान विभाग के मौसम केंद्र रांची की ओर से मंगलवार को जारी दैनिक मौसम बुलेटिन के अनुसार, रांची में अधिकतम तापमान 25.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यह सामान्य से 4.2 डिग्री कम रहा। वहीं न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 0.6 डिग्री अधिक है।
रांची में 21.7 मिमी बारिश
पिछले 24 घंटे के दौरान राजधानी में सुबह 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक 21.7 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। अधिकतम तापमान में भी 0.2 डिग्री की कमी दर्ज हुई। बारिश के कारण दिनभर मौसम में ठंडक बनी रही। शहर की सड़कों पर पानी और नमी के कारण यातायात की रफ्तार भी प्रभावित हुई।
कांके में सबसे ज्यादा बारिश
राजधानी और आसपास के क्षेत्रों में बारिश का असर अलग-अलग स्तर पर देखने को मिला। मौसम बुलेटिन के अनुसार कांके में सबसे अधिक 57.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई।
इसके अलावा डालटनगंज में 22.6, रांची में 21.7, चाईबासा में 19.0 और जमशेदपुर में 6.8 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड हुई। वहीं बोकारो में 43.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई।
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मौसम विभाग के रांची केंद्र के पूर्वानुमान के अनुसार राजधानी में बारिश का दौर अगले कुछ दिनों तक जारी रह सकता है। मंगलवार को सामान्यतः बादल छाए रहने के साथ मध्यम दर्जे की बारिश रिकॉर्ड की गई है। दो सितंबर को कुछ दौर की बारिश या गरज के साथ बौछार पड़ सकती है।
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वहीं, तीन सितंबर को भी एक-दो दौर की बारिश अथवा गरज के साथ बौछार होने का अनुमान है। मौसम विभाग ने राजधानी में गरज-चमक और तेज हवा के साथ बारिश को लेकर भी सावधानी बरतने की सलाह दी है। बुधवार को भी रांची के मौसम में बदलाव जारी रहने की संभावना है।
प्रशासन को संवेदनशील इलाकों पर नजर रखने की जरूरत
फ्लैश फ्लड की चेतावनी को देखते हुए निचले इलाकों, नदी-नालों और जलजमाव वाले क्षेत्रों में प्रशासन को विशेष निगरानी रखने की जरूरत है। अचानक पानी बढ़ने की स्थिति में लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी भी जरूरी है।
मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर रखने और अनावश्यक रूप से घर से बाहर निकलने से बचने की सलाह दी गई है।
लोगों के लिए जरूरी सावधानी: तेज बारिश के दौरान नदी-नालों, पुलों और जलजमाव वाले रास्तों से दूरी बनाए रखें। पानी का बहाव सामान्य दिखाई देने पर भी उसे पार करने का प्रयास न करें। बारिश और फ्लैश फ्लड से जुड़ी प्रशासनिक एवं मौसम संबंधी चेतावनियों का पालन करें।
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