नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट 15 सितंबर को आइएएस अधिकारी पूजा सिंघल की उस याचिका पर सुनवाई करेगा, जिसमें उन्होंने झारखंड हाई कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें उन्होंने मनी लांड्रिंग मामले में संज्ञान आदेश को रद करने की उनकी याचिका खारिज कर दी थी।
इस मामले की सुनवाई भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जायमाल्य बागची और वी मोहना की पीठ द्वारा किए जाने की संभावना है।
18 करोड़ रुपये के घोटाले में होगी जांच
झारखंड खान विभाग की पूर्व सचिव सिंघल को ईडी ने 11 मई 2022 को केंद्र सरकार की प्रमुख ग्रामीण रोजगार योजना मनरेगा के कार्यान्वयन में कथित तौर पर 18 करोड़ रुपये के घोटाले के सिलसिले में उनसे जुड़ी संपत्तियों पर छापेमारी के बाद गिरफ्तार किया
था। भारत के प्रधान न्यायाधीश (सीजेआई) सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची तथा न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ इस मामले की सुनवाई कर सकती है।




