हजारीबाग : हजारीबाग के शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में बच्चे को जन्म देने के बाद एक महिला की मौत हो गई। घटना शनिवार की है। मृतका की पहचान चरही की रहने वाली संगीता के रूप में हुई है। महिला की मौत की खबर मिलते ही परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। घरवालों ने अस्पताल में जमकर हंगामा किया और डॉक्टरों पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया। इसके बाद गुस्साए परिजन डिस्ट्रिक्ट मोड़ चौक पहुंचे और सड़क जाम कर दिया। सड़क जाम होने से वहां आने-जाने वाले लोगों को भी काफी परेशानी उठानी पड़ी।
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परिजनों के अनुसार, संगीता को प्रसव के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। यहां उन्होंने एक स्वस्थ बेटे को जन्म दिया। प्रसव के बाद संगीता ने पेट में जलन की शिकायत की। इसके बाद अस्पताल में उन्हें एक इंजेक्शन दिया गया। परिजनों का आरोप है कि इंजेक्शन देने के बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई और इलाज के दौरान मौत हो गई। परिजनों ने सवाल उठाया कि प्रसव के बाद संगीता की हालत अचानक क्यों बिगड़ी और उन्हें किस वजह से इंजेक्शन दिया गया। उन्होंने मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की।
विधायक प्रदीप प्रसाद पहुंचे, न्याय और मुआवजे का भरोसा
घटना की सूचना मिलने पर हजारीबाग सदर विधायक प्रदीप प्रसाद, कांग्रेस नेता मुन्ना सिंह और पुलिस अधिकारी जाम स्थल पर पहुंचे। विधायक प्रदीप प्रसाद ने परिजनों से बातचीत की। उन्होंने उन्हें न्याय दिलाने और मुआवजा दिलाने का भरोसा दिया। विधायक ने अस्पताल की व्यवस्था पर सवाल उठाए और घटना के लिए स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार में इस तरह की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं।
कांग्रेस नेता ने अस्पताल की व्यवस्था पर जताई चिंता
कांग्रेस नेता मुन्ना सिंह ने भी अस्पताल की व्यवस्था पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि वह राज्य के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी और पार्टी आलाकमान से बातचीत करेंगे। साथ ही एक टीम गठित कराने और अस्पताल की व्यवस्था में सुधार की पहल करेंगे। मुन्ना सिंह ने अंचल अधिकारी से भी बात की और मृतका के परिजनों को मुआवजा दिलाने की मांग की।
लिखित शिकायत मिलने पर जांच करेगी पुलिस
इधर, सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) रूपक कुमार सिंह ने परिजनों से बातचीत कर सड़क जाम हटाने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि यदि परिजन लिखित आवेदन देकर चिकित्सकीय लापरवाही से मौत का आरोप लगाते हैं, तो पुलिस मामले की जांच करेगी। एसडीपीओ ने यह भी कहा कि जांच में जो लोग दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।



