रांची : आम लोगों की समस्याओं के त्वरित समाधान और पुलिस-जनता के बीच बेहतर समन्वय के उद्देश्य से बुधवार को रांची जिले के विभिन्न थानों और ओपी में जन शिकायत समाधान कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने फरियादियों से सीधे मुलाकात कर उनकी शिकायतें सुनीं और उनके समाधान के लिए कार्रवाई की। कार्यक्रम में कुल 236 शिकायतें और आवेदन प्राप्त हुए। इनमें से 184 मामलों का उसी दिन निपटारा कर दिया गया, जबकि संवेदनशील प्रकृति के 10 मामलों में प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी।
Read More : रांची में 31 अक्टूबर को होगा श्री राम भरत मिलाप समारोह, राज्यपाल को न्योता
10 संवेदनशील मामलों में प्राथमिकी दर्ज
पुलिस की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, जन शिकायत समाधान कार्यक्रम में जमीन विवाद, छेड़खानी, चोरी और मारपीट समेत विभिन्न तरह की शिकायतें सामने आईं। गंभीर मामलों को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर संबंधित थानों में 10 प्राथमिकी दर्ज की गईं। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस ने इन मामलों का अनुसंधान शुरू कर दिया है। वहीं, अन्य शिकायतों की भी जांच की जा रही है, ताकि नियमानुसार उनका समाधान किया जा सके।
थाना स्तर पर फरियादियों की समस्याएं सुनी गईं
रांची जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में आयोजित इस कार्यक्रम में वरीय पुलिस अधिकारियों, पुलिस उपाधीक्षकों और संबंधित थाना प्रभारियों ने हिस्सा लिया। अधिकारियों ने फरियादियों से बातचीत कर उनकी समस्याएं समझीं और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की। थाना स्तर पर प्राप्त शिकायतों के निष्पादन में अलग-अलग आंकड़े सामने आए। सुखदेवनगर थाना में 12 शिकायतें मिलीं, जिनमें से आठ का निपटारा किया गया। सदर थाना में नौ में से छह और डोरंडा थाना में आठ में से सात शिकायतों का समाधान हुआ।
पुंदाग थाना और ओपी में सभी शिकायतों का निपटारा
पुंदाग थाना में प्राप्त सभी सात शिकायतों का निष्पादन कर दिया गया। वहीं, लोअर बाजार और पंडरा ओपी में भी प्राप्त सभी शिकायतों का समाधान किया गया। पुलिस के इस अभियान का उद्देश्य थानों में आने वाले लोगों की शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर सुनना और उनके समाधान में होने वाली अनावश्यक देरी को कम करना है। कार्यक्रम के तहत जहां शिकायतों का त्वरित निष्पादन किया गया, वहीं गंभीर मामलों में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई भी शुरू की गई।



