चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिले के जगन्नाथपुर प्रखंड में जंगली हाथियों के झुंड ने बीती रात चार गांवों में जमकर उत्पात मचाया। बुढ़ाकमान, मुगादिघिया, तेंतोड़ीपोसी और लुतुसाई गांव में हाथियों के हमले से दहशत का माहौल बना रहा। इस दौरान बुढ़ाकमान गांव के 35 वर्षीय चंद्रमोहन सिंकू की हाथी के हमले में मौत हो गई। वह चार बच्चों के पिता थे।
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मिली जानकारी के अनुसार हाथी ने चंद्रमोहन सिंकू को सूंड में लपेटकर कई बार जमीन पर पटक दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। ग्रामीणों की मदद से उन्हें जगन्नाथपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद परिवार और पूरे गांव में शोक का माहौल है।
चार गांवों में घर, फसल और धान को पहुंचाया नुकसान
बुढ़ाकमान गांव की घटना के बाद हाथियों का झुंड मुगादिघिया, तेंतोड़ीपोसी और लुतुसाई गांव पहुंच गया। यहां तीन ग्रामीणों के घरों को क्षतिग्रस्त कर दिया गया। हाथियों ने खेतों में लगी फसलों और बागवानी को भी रौंद डाला। इसके अलावा एक किसान के घर में रखा करीब तीन क्विंटल धान भी हाथी खा गए। घर में रखा अन्य सामान भी नुकसान की चपेट में आ गया। ग्रामीणों के अनुसार, पूरी रात हाथियों का झुंड गांवों के आसपास घूमता रहा।
मशाल, टॉर्च और पटाखों के सहारे बचाव
हाथियों के गांव में घुसने के बाद ग्रामीण पूरी रात मशाल, टॉर्च और पटाखों की मदद से उन्हें भगाने की कोशिश करते रहे। हालांकि, हाथियों का झुंड लगातार गांवों के आसपास बना रहा, जिससे लोग पूरी रात दहशत में जागते रहे। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में जंगली हाथियों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। आए दिन हाथी गांवों में घुसकर फसलों और घरों को नुकसान पहुंचा रहे हैं, जिससे लोगों की जान भी खतरे में पड़ रही है।
वन विभाग ने दी एक लाख रुपये की अग्रिम सहायता
घटना की जानकारी मिलने के बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और नुकसान का आकलन शुरू किया। विभाग ने मृतक चंद्रमोहन सिंकू की पत्नी जेमा सिंकू को तत्काल 1 लाख रुपये की अग्रिम सहायता राशि प्रदान की। यह राशि जगन्नाथपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में दी गई। इस दौरान जिला परिषद सदस्य मानसिंह तिरिया भी मौजूद रहे। ग्रामीणों ने मृतक के परिवार को उचित मुआवजा देने, क्षतिग्रस्त घरों और फसलों का आकलन कर मुआवजा उपलब्ध कराने तथा हाथियों के गांवों में प्रवेश रोकने के लिए स्थायी व्यवस्था करने की मांग की है।




