जमशेदपुर: झारखंड ऊर्जा विकास श्रमिक संघ के केंद्रीय अध्यक्ष अजय राय ने आज जमशेदपुर विद्युत आपूर्ति क्षेत्र के महाप्रबंधक अजीत कुमार से उनके कार्यालय में मुलाकात कर मानव दिवस कर्मियों की वर्षों से लंबित समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। इस दौरान संघ की ओर से विस्तृत मांग-पत्र सौंपते हुए विभाग में कार्यरत मानव दिवस कर्मियों के बकाया वेतन, वेतन एरियर, ईपीएफ-ईएसआईसी, समय पर वेतन भुगतान तथा निजी एजेंसियों की कार्यप्रणाली से जुड़ी गंभीर समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की गई। वार्ता में विभाग के विद्युत अधीक्षण अभियंता सुधीर कुमार भी शामिल हुए।
मानव दिवस कर्मियों का मामला उठाया गया
वार्ता के दौरान चांडिल डिवीजन के पांच मानव दिवस कर्मियों अजय कुमार दास, विनय कुमार टुडू, सत्यवान महली, इंद्रजीत रजक एवं संतोष साव का मामला विशेष रूप से उठाया गया। संघ ने बताया कि ये कर्मी वर्षों से विभागीय कार्य करते आ रहे हैं। इनके नाम वर्ष 2014 के मानव दिवस कर्मियों के सर्वे रिकॉर्ड में भी दर्ज हैं तथा संबंधित पदाधिकारियों द्वारा इनके अनुभव प्रमाण-पत्र भी जारी किए गए हैं। इसके बावजूद वर्ष 2019 से 2021 के बीच विभिन्न कारणों से इनका भुगतान बंद हो गया, जबकि ये विभागीय कार्यों से जुड़े रहे। वर्षों से पारिश्रमिक नहीं मिलने के कारण इन कर्मियों और उनके परिवारों के सामने गंभीर आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है।
दिन-रात मेहनत करने वाले कर्मियों को उनके ही परिश्रम का पारिश्रमिक नहीं मिलना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण
अजय राय ने दो टूक कहा कि विद्युत विभाग की व्यवस्था को सुचारु रखने के लिए दिन-रात मेहनत करने वाले कर्मियों को उनके ही परिश्रम का पारिश्रमिक नहीं मिलना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। किसी भी एजेंसी को यह अधिकार नहीं है कि वह कर्मियों से काम ले और उनके वेतन तथा वैधानिक अधिकारों की अनदेखी करे। वर्षों तक भुगतान लंबित रहना केवल प्रशासनिक लापरवाही का विषय नहीं, बल्कि प्रभावित परिवारों की आजीविका और सम्मान से जुड़ा गंभीर मामला है। संघ इस अन्याय के खिलाफ चुप नहीं बैठेगा और जब तक कर्मियों को उनका जायज हक नहीं मिलता, तब तक संघर्ष जारी रहेगा।
मानव दिवस कर्मी विभाग के अभिन्न अंग हैं और उनके सम्मान की रक्षा के लिए हरसंभव प्रयास किया जाएगा
महाप्रबंधक अजीत कुमार ने वार्ता के दौरान उपस्थित सभी कर्मियों को आश्वस्त करते हुए कहा कि मानव दिवस कर्मी विभाग के अभिन्न अंग हैं और उनके सम्मान की रक्षा के लिए हरसंभव प्रयास किया जाएगा। उन्होंने मौके पर ही संबंधित अधिकारियों एवं विभागीय पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि कर्मियों की सभी जायज मांगों को अविलंब देखा जाए तथा संबंधित एजेंसियों को नोटिस जारी कर समस्याओं का समाधान कराया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्देशों के बावजूद यदि एजेंसियां अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन नहीं करती हैं, तो उनके विरुद्ध विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
अब जरूरत केवल आश्वासन की नहीं, बल्कि समयबद्ध कार्रवाई और धरातल पर परिणाम की है
संघ अध्यक्ष अजय राय ने महाप्रबंधक के आश्वासन का स्वागत करते हुए कहा कि अब जरूरत केवल आश्वासन की नहीं, बल्कि समयबद्ध कार्रवाई और धरातल पर परिणाम की है। वर्षों से भुगतान की प्रतीक्षा कर रहे पांचों कर्मियों का बकाया भुगतान शुरू कराने, लंबित राशि का नियमानुसार भुगतान सुनिश्चित करने तथा उनके स्थान पर अन्य व्यक्तियों को भुगतान किए जाने की स्थिति में निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई।
संघ ने ये रखी मांगे
इसके अतिरिक्त संघ ने वर्ष 2017 से 2026 तक के लंबित वेतन एरियर की जांच के लिए उच्चस्तरीय समिति गठित करने, सभी कर्मियों को ईपीएफ एवं ईएसआईसी का पूरा विवरण उपलब्ध कराने, प्रत्येक माह की 1 से 5 तारीख तक वेतन भुगतान सुनिश्चित करने, हेल्थ इंश्योरेंस के नाम पर वेतन से की जा रही कथित वार्षिक कटौती की जांच कराने तथा साप्ताहिक अवकाश एवं अन्य वैधानिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग भी रखी।
अनुभवी एवं आईटीआई योग्य मानव दिवस कर्मियों को नई सीटों और कार्यस्थलों पर प्राथमिकता मिलनी चाहिए
अजय राय ने कहा कि अनुभवी एवं आईटीआई योग्य मानव दिवस कर्मियों को नई सीटों और कार्यस्थलों पर प्राथमिकता मिलनी चाहिए। साथ ही, निजी एजेंसियों के माध्यम से काम कराने के दौरान वेतन और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी समस्याओं को देखते हुए सरकारी एजेंसी JAP-IT के माध्यम से कार्य कराने पर भी विचार किया जाना चाहिए। संघ द्वारा पूर्व में पत्रांक JUVSS/2604/25, दिनांक 26 अप्रैल 2025 को की गई शिकायत पर कार्रवाई की मांग भी दोहराई गई।
विद्युतकर्मी विषम परिस्थितियों में अपनी जान जोखिम में डालकर बिजली आपूर्ति बहाल रखते
उन्होंने कहा कि विद्युतकर्मी विषम परिस्थितियों में अपनी जान जोखिम में डालकर बिजली आपूर्ति बहाल रखते हैं। ऐसे कर्मियों को समय पर वेतन, सामाजिक सुरक्षा और सम्मानजनक कार्य परिस्थितियां उपलब्ध कराना विभाग की जिम्मेदारी है। यदि एजेंसियां कर्मियों के अधिकारों का उल्लंघन करती हैं, तो उनके विरुद्ध कठोर कार्रवाई होनी चाहिए।
संघ ने स्पष्ट किया कि पांचों कर्मियों के लंबित भुगतान सहित सभी जायज मांगों का समाधान होने तक इस मामले को लगातार उठाया जाता रहेगा। अब विभागीय निर्देशों के अनुपालन और एजेंसियों की जवाबदेही पर सबकी नजर रहेगी।
ये कर्मी रहे शामिल
संघ के जिला अध्यक्ष राजेश सिंह राजू, सामाजिक कार्यकर्ता चंदा सिंह राजपूत,चांदनी तिवारी ,मन्नू भगवान मिश्रा, अजय दास, उत्पल दास,कौशिक महतो,ऋषिकेश महतो, अमन कुमार, दीपक हेम्ब्रम, पंकज कुमार ठाकुर, मनोज कुमार गोप, अनुरंजन कुमार, सुनील कुमार, संतोष कुमार, कमल चंद्र महतो, अबदेश कुमार बेसरा, धनय हेम्ब्रम, राज कुमार वर्मा, राजीव कुमार, संजय दास, आशीष कुमार दास, निर्मल महतो, छोटू सिंह मुंडा, राजेश कुमार महतो, सतबीर सिंह मुंडा सौरव, नीरज, चंदन, संतोष, सुब्रतो, रौबिन मिंज, रिंकू , राजीव मंडल, आलोक कुमार, अमित कुमार सहित कई कर्मी शामिल थे।



