देवघर : आधुनिक दौर की भागदौड़ में युवाओं को धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने के लिए देवघर जिला प्रशासन ने श्रावणी मेले में तकनीक का अनूठा सहारा लिया है। मेला क्षेत्र में 3D एनिमेशन तकनीक के माध्यम से बाबा बैद्यनाथ धाम की पौराणिक कथाओं, देवघर के धार्मिक इतिहास और भगवान शिव से जुड़ी गाथाओं का जीवंत प्रदर्शन किया जा रहा है। अत्याधुनिक तकनीक से तैयार इस प्रस्तुति को देखकर श्रद्धालुओं को ऐसा अनुभव हो रहा है, मानो वे इन घटनाओं को अपनी आंखों के सामने घटित होते देख रहे हों। यह शो युवाओं के साथ-साथ सभी आयु वर्ग के श्रद्धालुओं के बीच आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
Read More : DC मंजूनाथ भजंत्री ने ली समीक्षा बैठक, स्वतंत्रता दिवस पर 14 प्लाटून लेंगी हिस्सा
VRD से समझ आ रही धार्मिक गाथाएं
इस अनुभव के लिए ‘वर्चुअल रियलिटी डिवाइस’ (VRD) का उपयोग किया जा रहा है। आंखों पर इस मशीन को पहनकर श्रद्धालु 3D फॉर्मेट में पूरी कहानी को देख और सुन सकते हैं। मेले में आए श्रद्धालुओं का कहना है कि किताबों या टेलीविजन की तुलना में 3D और VR प्रस्तुति अधिक प्रभावी है। इससे धार्मिक कथाएं कम समय में आसानी से समझ में आ जाती हैं और लंबे समय तक याद रहती हैं। इस पहल से नई पीढ़ी अपनी संस्कृति, आस्था और परंपराओं को बेहतर ढंग से समझ पा रही है।
उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने बताया योजना का उद्देश्य
देवघर के उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने बताया कि इस वर्ष 3D एनिमेशन सेवा का विस्तार किया गया है। उन्होंने कहा कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक के जरिए नई पीढ़ी को बाबा बैद्यनाथ धाम की समृद्ध धार्मिक विरासत और भगवान शिव की पौराणिक कथाओं से परिचित कराना है, ताकि युवा अपनी संस्कृति, परंपराओं और आध्यात्मिक मूल्यों को बेहतर तरीके से समझ सकें।




