पटना : राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष और बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर और तेज बहाव के बीच अपने विधानसभा क्षेत्र राघोपुर के कटावग्रस्त इलाकों का निरीक्षण किया। उन्होंने तटवर्ती गांवों में बाढ़ और कटाव के संभावित खतरे का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों व अभियंताओं से स्थिति की विस्तृत जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान तेजस्वी यादव ने गंगा के जलस्तर में लगातार हो रही वृद्धि और तेज बहाव से प्रभावित इलाकों की स्थिति देखी। उन्होंने अधिकारियों से जलस्तर, कटाव की स्थिति और संभावित जोखिम वाले क्षेत्रों के बारे में जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने स्थानीय ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याएं और चिंताएं भी जानीं।
अधिकारियों को लगातार निगरानी के निर्देश
राजद की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, तेजस्वी यादव ने अधिकारियों को जलस्तर और कटाव की स्थिति पर लगातार निगरानी बनाए रखने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि संभावित खतरे को देखते हुए प्रशासन को पूरी तरह अलर्ट मोड में रहना चाहिए, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई की जा सके। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों और अभियंताओं से तटवर्ती इलाकों में कटाव की स्थिति पर विशेष नजर रखने और जरूरत पड़ने पर कटाव निरोधक कार्य तत्काल शुरू कराने को कहा। साथ ही स्थानीय ग्रामीणों के साथ बेहतर समन्वय बनाए रखने और उन्हें समय पर जरूरी जानकारी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।
संवेदनशील इलाकों में तैयारी मजबूत रखने पर जोर
तेजस्वी यादव ने अधिकारियों से कहा कि गंगा के बढ़ते जलस्तर से पैदा हुई परिस्थितियों को गंभीरता से लिया जाए। संवेदनशील इलाकों में प्रशासनिक तैयारियों को मजबूत रखने के साथ संभावित बाढ़ और कटाव से निपटने के लिए आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर भी उन्होंने जोर दिया। उन्होंने प्रभावित लोगों तक जरूरत पड़ने पर तत्काल सहायता पहुंचाने की व्यवस्था तैयार रखने का निर्देश दिया। प्रशासन से यह भी सुनिश्चित करने को कहा गया कि किसी भी आपात स्थिति में राहत और बचाव कार्य में देरी न हो।
हर साल बाढ़ और कटाव की चुनौती झेलता है राघोपुर
गंगा नदी से घिरे राघोपुर क्षेत्र को हर साल बाढ़ और कटाव की चुनौती का सामना करना पड़ता है। जलस्तर बढ़ने के साथ ही तटवर्ती इलाकों में रहने वाले ग्रामीणों की चिंता भी बढ़ गई है। ऐसे में तेजस्वी यादव का राघोपुर दौरा स्थानीय स्तर पर स्थिति का जायजा लेने और प्रशासन को सतर्क रहने का संदेश देने के तौर पर देखा जा रहा है।



