रांची : झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव आलोक कुमार दूबे ने पेपर लीक के विरोध में प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर कथित पैलेट गन और लाठीचार्ज की घटना की कड़ी निंदा की है। उन्होंने इसे लोकतंत्र और देश के भविष्य पर हमला बताते हुए कहा कि यदि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर बल प्रयोग हुआ है, तो इसकी निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
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आलोक कुमार दूबे ने कहा कि तिरंगा लेकर अपने भविष्य की सुरक्षा और निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था की मांग कर रहे युवाओं की आवाज सुनने के बजाय उन्हें डराने का प्रयास किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक जैसी गंभीर समस्या से जूझ रहे लाखों छात्रों को न्याय देने के बजाय उनके साथ कठोर व्यवहार किया गया। उन्होंने कहा कि देश का युवा केवल पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था और अपने भविष्य की सुरक्षा की मांग कर रहा है। ऐसे में सरकार का दायित्व छात्रों से संवाद करना और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करना है, न कि प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग करना।
कांग्रेस नेता ने केंद्र सरकार को शिक्षा व्यवस्था की मौजूदा स्थिति के लिए जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि पेपर लीक की घटनाओं ने छात्रों का भरोसा कमजोर किया है। उन्होंने मांग की कि पेपर लीक मामलों की समयबद्ध और निष्पक्ष जांच कराई जाए, कथित बल प्रयोग की स्वतंत्र जांच हो तथा छात्रों की चिंताओं का समाधान निकाला जाए। साथ ही उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान की जवाबदेही तय करते हुए उन्हें पद से हटाने की भी मांग की।




