रामगढ़ : पीएम विश्वकर्मा योजना के लाभार्थियों के उत्पादों की ब्रांडिंग, प्रचार-प्रसार और बिक्री बढ़ाने के लिए मंगलवार को पतरातू प्रखंड के तालाटांड़ पंचायत भवन में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय के एमएसएमई विकास कार्यालय, रांची की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में 110 से अधिक कारीगरों और लाभार्थियों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अग्रणी जिला प्रबंधक देवनारायण उरांव ने कारीगरों को सरकारी योजनाओं और बैंकिंग सुविधाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने पारंपरिक व्यवसाय को मजबूत बनाने और आगे बढ़ाने पर जोर दिया।
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डिजिटल मार्केटिंग और ऑनलाइन बिक्री के बताए तरीके
कार्यक्रम में कारीगरों को डिजिटल मार्केटिंग, ऑनलाइन बिक्री, डिजिटल भुगतान और बैंकिंग सुविधाओं की जानकारी दी गई। साथ ही सरकारी ई-मार्केटप्लेस (GeM) पोर्टल पर पंजीकरण करने की प्रक्रिया भी समझाई गई। इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक की ओर से 12 लाभार्थियों के लिए क्यूआर कोड तैयार कर मौके पर उपलब्ध कराया गया। इससे लाभार्थियों को डिजिटल भुगतान की सुविधा से जुड़ने में मदद मिलेगी।
ऋण और वित्तीय सहायता की दी गई जानकारी
कार्यक्रम में विभिन्न बैंकों के प्रतिनिधियों ने कारीगरों को ऋण लेने की प्रक्रिया और उपलब्ध वित्तीय सहायता के बारे में बताया। उन्हें अपने व्यवसाय को आगे बढ़ाने के लिए बैंकिंग सुविधाओं का इस्तेमाल करने की जानकारी दी गई। रामगढ़ इंजीनियरिंग कॉलेज के प्रोफेसर असीम कुमार ने उत्पादों के डिजाइन, नवाचार और प्रचार-प्रसार में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और चैटजीपीटी जैसी तकनीकों की उपयोगिता समझाई। उन्होंने बताया कि इन तकनीकों की मदद से उत्पादों को बेहतर तरीके से पेश करने और उनके प्रचार में सहायता मिल सकती है।
GeM पोर्टल और ऑनलाइन बाजार पर जोर
GeM के बिजनेस फैसिलिटेटर सुबोधकांत ने सरकारी खरीद बाजार तक पहुंच बनाने के लिए पोर्टल पर पंजीकरण की प्रक्रिया बताई। उन्होंने कारीगरों को सरकारी बाजार में अपने उत्पादों की बिक्री के लिए इस पोर्टल का उपयोग करने की जानकारी दी। वहीं, सभ्याशा रिटेल टेक प्राइवेट लिमिटेड के संस्थापक शशांक शेखर पात्रो ने ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से उत्पादों की बिक्री बढ़ाने के तरीके साझा किए। कार्यक्रम का उद्देश्य कारीगरों को डिजिटल माध्यमों और बाजार से जोड़कर उनके उत्पादों की पहुंच बढ़ाने में मदद करना रहा।




