नई दिल्ली: भारत-सिंगापुर मंत्रिस्तरीय गोलमेज सम्मेलन (ISMR) का चौथा दौर 20 अगस्त को सिंगापुर में आयोजित होगा। बैठक में भारत की ओर से वित्त एवं कॉरपोरेट मामलों की मंत्री निर्मला सीतारमण, विदेश मंत्री एस. जयशंकर, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी तथा वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय में राज्य मंत्री जितिन प्रसाद शामिल होंगे। विदेश मंत्रालय (MEA) ने मंगलवार को एक बयान जारी कर बैठक की जानकारी दी। भारत में सिंगापुर के उच्चायुक्त साइमन वोंग ने भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एस. जयशंकर के सिंगापुर पहुंचने की पुष्टि की।
चार मंत्री करेंगे द्विपक्षीय मुद्दों पर चर्चा
MEA के मुताबिक, भारतीय प्रतिनिधिमंडल के चारों मंत्री बैठक के दौरान सिंगापुर के शीर्ष नेतृत्व और अपने संबंधित समकक्षों के साथ विभिन्न द्विपक्षीय मुद्दों पर चर्चा करेंगे। ISMR को नए और उभरते क्षेत्रों में भारत-सिंगापुर सहयोग को आगे बढ़ाने वाले महत्वपूर्ण मंच के रूप में देखा जाता है। इसकी पहली बैठक सितंबर 2022 में नई दिल्ली में हुई थी। इसके बाद दूसरा दौर अगस्त 2024 में सिंगापुर और तीसरा अगस्त 2025 में नई दिल्ली में आयोजित किया गया था।
डिजिटल से लेकर स्वास्थ्य तक सहयोग पर चर्चा
पिछली बैठकों में डिजिटलीकरण, कौशल विकास, सतत विकास, स्वास्थ्य एवं चिकित्सा, उन्नत विनिर्माण और कनेक्टिविटी जैसे क्षेत्रों में सहयोग पर चर्चा हुई थी। इन चर्चाओं के आधार पर इंडिया-सिंगापुर कॉम्प्रिहेंसिव स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप (CSP) रोडमैप तैयार किया गया था। सितंबर 2025 में सिंगापुर के प्रधानमंत्री लॉरेंस वोंग की भारत यात्रा के दौरान इस रोडमैप की घोषणा की गई थी। चौथे ISMR के दौरान दोनों पक्ष अब तक की विभिन्न पहलों की प्रगति की समीक्षा करेंगे और भारत-सिंगापुर सहयोग को आगे बढ़ाने के नए तरीकों पर विचार करेंगे।
बिजनेस राउंडटेबल का भी होगा आयोजन
MEA के अनुसार, ISMR के साथ इंडिया-सिंगापुर बिजनेस राउंडटेबल का चौथा संस्करण भी आयोजित किया जाएगा। यह उद्योग जगत और कारोबारियों को रणनीतिक मुद्दों पर चर्चा तथा परामर्श के लिए एक मंच उपलब्ध कराएगा। मंत्रिस्तरीय गोलमेज सम्मेलन को भारत-सिंगापुर सहयोग के लिए नए एजेंडे को आकार देने वाले महत्वपूर्ण तंत्र के रूप में देखा जाता है। दोनों देश व्यापक रणनीतिक साझेदारी साझा करते हैं और इस बैठक के जरिए द्विपक्षीय संबंधों को और व्यापक बनाने के अवसरों की पहचान करेंगे।








