अजीता भट्टाचार्य पर बाबूलाल मरांडी के गंभीर सवाल, CBI जांच की मांग

रांची : JPSC नियुक्ति मामले को लेकर झारखंड में सियासी घमासान जारी है। नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने अजीता भट्टाचार्य की भूमिका, कथित वसूली और CID की जांच को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि जब तक मामले से जुड़ी सभी कड़ियों की

बाबूलाल मरांडी
बाबूलाल मरांडी (फाइल फोटो)

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रांची : JPSC नियुक्ति मामले को लेकर झारखंड में सियासी घमासान जारी है। नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने अजीता भट्टाचार्य की भूमिका, कथित वसूली और CID की जांच को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि जब तक मामले से जुड़ी सभी कड़ियों की जांच नहीं होगी, तब तक पूरी सच्चाई सामने नहीं आ सकती। मरांडी ने सवाल उठाया कि क्या अजीता भट्टाचार्य इतनी ताकतवर और भ्रष्ट थीं कि CDPO पद पर सामान्य वर्ग की सीटें बिना किसी राजनीतिक संरक्षण के बेची जा सकीं। उन्होंने यह भी पूछा कि उनके PA के माध्यम से कथित तौर पर वसूले गए पैसे आखिर कहां और किन लोगों के जरिए निवेश किए गए।

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CID जांच पर बाबूलाल ने जताया अविश्वास

बाबूलाल मरांडी ने सीएम को लेकर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने पूछा कि क्या सीएम को पूरे घटनाक्रम की जानकारी थी और अगर जानकारी थी तो इतने दिनों से इस मामले पर चुप्पी क्यों है। मरांडी ने आरोप लगाया कि CID जानबूझकर जांच का दायरा सीमित रख रही है। उन्होंने कहा कि मामले में कई महत्वपूर्ण कड़ियों तक जांच पहुंचना अभी बाकी है। मरांडी ने कहा कि अब तक अजीता भट्टाचार्य की गिरफ्तारी नहीं हुई है। उन्होंने सीएम के करीबी मित्र विनोद सिंह, मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू और संदिग्ध JMM नेताओं से पूछताछ नहीं होने पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जब तक जांच इन सभी कड़ियों तक नहीं पहुंचेगी, तब तक पूरे मामले की सच्चाई सामने नहीं आ सकती। मरांडी ने यह भी कहा कि CID के ADG मनोज कौशिक स्वयं इंटरव्यू पैनल में शामिल रहे हैं, इसलिए CID से निष्पक्ष जांच की अपेक्षा नहीं की जा सकती।

CBI जांच के लिए लड़ाई का ऐलान

बाबूलाल मरांडी ने कहा कि भाजपा CBI जांच के लिए हर लड़ाई लड़ेगी और झारखंड के युवाओं को हक तथा न्याय दिलाने के लिए संघर्ष जारी रखेगी। बता दें कि मरांडी इससे पहले भी JPSC, JSSC-CGL और अन्य भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की जांच CID के बजाय CBI या किसी स्वतंत्र केंद्रीय एजेंसी से कराने की मांग कर चुके हैं।

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