जयराम महतो ने PM मोदी को लिखा पत्र, खनिज विधेयक वापस लेने की मांग

रांची : डुमरी से विधायक और झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के केंद्रीय अध्यक्ष जयराम कुमार महतो ने केंद्र सरकार द्वारा लाए जा रहे खान और खनिज (विकास और विनियमन) संशोधन विधेयक 2026 को लेकर PM मोदी को पत्र लिखा है। उन्होंने इस विधेयक पर

जयराम महतो

अपनी भाषा में पढ़ें

रांची : डुमरी से विधायक और झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के केंद्रीय अध्यक्ष जयराम कुमार महतो ने केंद्र सरकार द्वारा लाए जा रहे खान और खनिज (विकास और विनियमन) संशोधन विधेयक 2026 को लेकर PM मोदी को पत्र लिखा है। उन्होंने इस विधेयक पर पुनर्विचार करने और इसे जनहित व राज्यहित में अविलंब वापस लेने की पुरजोर मांग की है।

Read More : JPSC नियुक्ति रद्द मामले में हाईकोर्ट का बड़ा आदेश, रोक लगी

खनिज सेस बंद होने से राज्य को होगा भारी नुकसान

जयराम महतो ने अपने पत्र में चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि नए संशोधन कानून के लागू होने से झारखंड को मिलने वाला खनिज सेस (Mineral Cess) बंद हो सकता है। इससे राज्य के राजस्व पर बहुत बुरा असर पड़ेगा, जिसका सीधा प्रभाव जनकल्याणकारी और विकास योजनाओं पर देखने को मिलेगा। उन्होंने पत्र में उल्लेख किया कि झारखंड की जनता ने देश के विकास और खनन परियोजनाओं के लिए अपनी बहुमूल्य जमीनें दी हैं, जिसके बदले उन्हें विस्थापन, बेदखली और भयंकर प्रदूषण जैसी समस्याओं को झेलना पड़ रहा है। यदि राज्य से खनिजों पर सेस लगाने का संवैधानिक अधिकार छीन लिया जाएगा, तो राज्य की आर्थिक स्थिति पर भारी दबाव बन जाएगा।

13,800 करोड़ रुपये के राजस्व संग्रह पर संकट

जयराम महतो ने आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में झारखंड सरकार ने खनिज सेस के माध्यम से करीब 13,800 करोड़ रुपये का राजस्व जुटाने का लक्ष्य रखा है। इसमें से अप्रैल से जुलाई 2026 के बीच ही राज्य को सेस के रूप में लगभग 4,400 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हो भी चुका है। ऐसे में नया कानून लागू होने से इस पूरी आय पर पानी फिर सकता है।

1.36 लाख करोड़ की बकाया कोयला रॉयल्टी का मुद्दा उठाया

पीएम मोदी को लिखे पत्र में जयराम महतो ने केंद्र और झारखंड के बीच वर्षों से लंबित कोयला रॉयल्टी विवाद का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार का केंद्र पर बकाया कोयला रॉयल्टी के रूप में करीब 1.36 लाख करोड़ रुपये का वैध दावा है, जिसका समाधान अब तक नहीं हो सका है। देश का प्रमुख खनिज समृद्ध राज्य होने के बावजूद झारखंड को लगातार वित्तीय चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।

PM से कानून वापस लेने की गुहार

जयराम महतो ने PM से अपील की है कि झारखंड की विशेष भौगोलिक व आर्थिक परिस्थितियों, खनिज संपदा और स्थानीय निवासियों के अधिकारों को ध्यान में रखते हुए इस विधेयक पर तत्काल रोक लगाई जाए और इसे वापस लिया जाए।

WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉 Join Now
Facebook
X
Threads
WhatsApp
Telegram
संबंधित खबरें.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *