JPSC ने HC में दिया जवाब : नियुक्तियों से संबंधित विज्ञापनों को रद्द करने का अधिकार सरकार को है

राज्य सरकार की ओर से नियुक्तियों से संबंधित विज्ञापनों को रद्द करने के मामले में सरकार ने शपथ पत्र दाखिल किया है। इसमें यह कहा गया है कि राज्य सरकार को नियुक्तियों के लिए नीति निर्धारित करने, नियुक्ति करने और इसे रद्द का वैधानिक अधिकार

हाईकोर्ट

अपनी भाषा में पढ़ें

राज्य सरकार की ओर से नियुक्तियों से संबंधित विज्ञापनों को रद्द करने के मामले में सरकार ने शपथ पत्र दाखिल किया है।  इसमें यह कहा गया है कि राज्य सरकार को नियुक्तियों के लिए नीति निर्धारित करने, नियुक्ति करने और इसे रद्द का वैधानिक अधिकार है।
 जेपीएसससी के उप सचिव सुधीर कुमार की ओर से दाखिल किये गये शपथ पत्र में यह कहा गया है कि अधिसूचना संख्या लोसेओ-6/लोसेअ-0107/26 का 5404 के माध्यम से विज्ञापन संख्या 21/2023 को रद्द कर दिया गया है।  इस विज्ञापन के माध्यम से सीडीपीओ की नियुक्ति की गई थी। न्यायालय में इस पर स्थगनादेश जारी किया गया। याचिका में इस अधिसूचना को रद्द करने का अनुरोध किया गया है. याचिकादाता की दलील मान्य नहीं है और इसे रद्द कर दिया जाना चाहिए।
नियुक्ति रद्द करने के खिलाफ दायर याचिका में यह भी कहा गया है कि सरकार ने इसे सही तरीके से जारी नहीं किया है। इस पर सरकार की तरफ से शपथ पत्र में यह कहा गया है कि सरकार को कानूनी और प्रशासनिक अधिकार है। सरकार ने अपनी वैधानिक शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए विशेष परिस्थितियों में विज्ञापन रद्द किया है। राज्य सरकार इस मामले में सक्षम है। शपथ पत्र में आगे कहा गया है कि नियुक्तियों से संबंधित विज्ञापनों को रद्द करने के अन्य कारणों पर सरकार न्यायालय में इस मुद्दे पर होने वाली बहस के दौरान अपना और पक्ष रखेगी।
WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉 Join Now
Facebook
X
Threads
WhatsApp
Telegram
संबंधित खबरें.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *