विजयपुर : कर्नाटक के विजयपुर (बीजापुर) स्थित सैनिक स्कूल में आयोजित ऑल इंडिया सैनिक स्कूल नेशनल गेम्स का भव्य समापन हो गया। पांच दिनों तक चली इस राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिता में देशभर के 43 सैनिक स्कूलों के 8 जोन से आए 544 कैडेट्स ने हिस्सा लिया। समापन समारोह में रक्षा राज्य मंत्री और रांची के सांसद संजय सेठ शामिल हुए। उन्होंने अलग-अलग खेल और शैक्षणिक प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन करने वाले विजेता कैडेट्स को पुरस्कार देकर सम्मानित किया। साथ ही सभी प्रतिभागियों का हौसला भी बढ़ाया।
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इस दौरान संजय सेठ ने एनसीसी कैडेट्स की परेड का भी निरीक्षण किया। समारोह में भारतीय नौसेना प्रमुख एडमिरल कृष्ण स्वामीनाथन, सैनिक स्कूल ग्रुप के डायरेक्टर के.वी. अजीत, ग्रुप कैप्टन आशीष कक्कड़ और कैप्टन राजलक्ष्मी पृथ्वीराज भी मौजूद रहे।
युद्ध स्मारक पर शहीद जवानों को दी श्रद्धांजलि
समारोह से पहले संजय सेठ ने सैनिक स्कूल परिसर में बने युद्ध स्मारक पर भारतीय नौसेना प्रमुख एडमिरल कृष्ण स्वामीनाथन के साथ पुष्पचक्र चढ़ाया। दोनों ने देश की रक्षा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवानों को श्रद्धांजलि दी। इस मौके पर संजय सेठ ने कहा कि मां भारती के वीर सपूतों का साहस, त्याग और बलिदान हमेशा देश का गौरव रहेगा। उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों को भी राष्ट्रसेवा के लिए प्रेरित करता रहेगा।
दौड़, रिले रेस, बास्केटबॉल और वॉलीबॉल के विजेता सम्मानित
समापन समारोह में क्विज प्रतियोगिता, 100 मीटर और 200 मीटर दौड़, 4×100 मीटर रिले रेस, बास्केटबॉल और वॉलीबॉल समेत कई प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कार दिए गए। खास तौर पर बास्केटबॉल और वॉलीबॉल के पुरुष एवं महिला वर्ग के विजेता खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया। पांच दिनों तक चले इस आयोजन में कैडेट्स ने अपनी खेल प्रतिभा के साथ अनुशासन, टीम भावना और खेल भावना का भी शानदार प्रदर्शन किया।
खेल से बनता है मजबूत व्यक्तित्व : संजय सेठ
कैडेट्स को संबोधित करते हुए संजय सेठ ने कहा कि खेल सिर्फ जीत-हार या मुकाबले तक सीमित नहीं हैं। ये विद्यार्थियों के संपूर्ण व्यक्तित्व को निखारने का भी जरिया हैं। खेल से शरीर स्वस्थ रहता है और मानसिक मजबूती, अनुशासन, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और टीम भावना भी विकसित होती है। उन्होंने कहा कि सैनिक स्कूलों के विद्यार्थी पढ़ाई के साथ खेल के मैदान में भी जिस लगन और बेहतरीन प्रदर्शन का परिचय दे रहे हैं, वह सराहनीय है। सैनिक स्कूलों के कैडेट्स में खेल प्रतिभा के साथ अनुशासन और राष्ट्रसेवा का अद्भुत मेल देखने को मिलता है।
खेलों को बढ़ावा दे रही केंद्र सरकार : संजय सेठ
संजय सेठ ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने और प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मंच देने के लिए लगातार प्रयास हो रहे हैं। ‘खेलो इंडिया’ जैसे अभियानों से युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने के बेहतर मौके मिल रहे हैं। साथ ही खेलों के लिए अच्छा माहौल भी तैयार हो रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री का विजन है कि भारत खेल के क्षेत्र में दुनिया भर में अपनी पहचान बनाए। विकसित भारत @2047 के लक्ष्य को पूरा करने में स्वस्थ, अनुशासित, आत्मविश्वासी और ऊर्जावान युवाओं की बड़ी भूमिका होगी। सैनिक स्कूल ऐसे युवाओं को तैयार कर रहे हैं, जिनमें शिक्षा, खेल, अनुशासन और देशसेवा का बेहतर तालमेल है। अंत में संजय सेठ ने सभी विजेता कैडेट्स को बधाई दी। साथ ही प्रतियोगिता में शामिल सभी प्रतिभागियों के प्रदर्शन और खेल भावना की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।



