नई दिल्ली। भाजपा सांसद और पार्टी प्रवक्ता संबित पात्रा ने UPI के 10 साल पूरे होने के मौके पर कांग्रेस पर निशाना साधा है। मंगलवार को उन्होंने कहा कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने UPI और डिजिटल भुगतान व्यवस्था को लेकर अपनी सोच सामने रखी थी, तब कांग्रेस ने इसका मजाक उड़ाया था। आज वही UPI भारत की डिजिटल पेमेंट क्रांति का एक बड़ा प्रतीक बन चुका है। संबित पात्रा ने UPI के बढ़ते उपयोग से जुड़े आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि पिछले वर्षों में डिजिटल भुगतान के क्षेत्र में भारत ने बड़ी उपलब्धि हासिल की है।
1.78 करोड़ से 24,162 करोड़ लेन-देन तक पहुंचा UPI
पात्रा के अनुसार, वित्त वर्ष 2016-17 में UPI के जरिए महज 1.78 करोड़ लेन-देन हुए थे। वहीं वित्त वर्ष 2025-26 में यह संख्या बढ़कर 24,162 करोड़ लेन-देन तक पहुंच गई। उन्होंने दावा किया कि इस अवधि में UPI लेन-देन में लगभग 13 हजार गुना की वृद्धि दर्ज की गई है। भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि डिजिटल भुगतान व्यवस्था ने छोटे दुकानदारों, रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं और आम लोगों के जीवन में बड़ा बदलाव किया है।
राहुल गांधी पर भी साधा निशाना
संबित पात्रा ने अपने बयान के दौरान कांग्रेस और गांधी परिवार पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि देश की आम जनता डिजिटल तकनीक और बदलाव को समझने में सक्षम है। उन्होंने कहा, “आज मैं उसी मुखौटे को उतार रहा हूं। अम्मा जो सब्जी बेचने के लिए बैठती हैं, वो राहुल गांधी से ज्यादा समझदार हैं। गांधी परिवार के राजवंश से कहीं ज्यादा समझदार हमारी जनता है।
UPI लेन-देन के मूल्य में भी भारी बढ़ोतरी का दावा
वित्त मंत्रालय के आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा गया कि UPI लेन-देन का कुल मूल्य भी बीते वर्षों में तेजी से बढ़ा है। वित्त वर्ष 2016-17 में यह लगभग 0.07 लाख करोड़ रुपये था, जो वित्त वर्ष 2025-26 में करीब 314 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया। UPI ने भारत में नकदी आधारित लेन-देन के विकल्प के रूप में डिजिटल भुगतान को तेजी से लोकप्रिय बनाया है। छोटे व्यापारियों से लेकर बड़े कारोबारियों तक, QR कोड और मोबाइल के माध्यम से तत्काल भुगतान अब आम हो चुका है।
दुनिया के बड़े रियल-टाइम पेमेंट सिस्टम में शामिल UPI
संबित पात्रा ने कहा कि UPI आज दुनिया के सबसे बड़े रियल-टाइम डिजिटल भुगतान सिस्टम में अपनी मजबूत पहचान बना चुका है। भारत के बाहर भी UPI आधारित भुगतान व्यवस्था का विस्तार हो रहा है और इसे कई देशों में उपयोग के लिए अपनाया गया है। उन्होंने कहा कि UPI की सफलता भारत की डिजिटल तकनीक, वित्तीय समावेशन और आम लोगों द्वारा नई तकनीक को अपनाने की क्षमता का उदाहरण है। UPI के 10 साल पूरे होने के मौके पर भाजपा ने इसे केंद्र सरकार की डिजिटल इंडिया नीति की बड़ी उपलब्धि बताया, जबकि पात्रा ने कांग्रेस पर शुरुआत में इस व्यवस्था का मजाक उड़ाने का आरोप लगाया।




