रांची: शारदीय नवरात्रि महोत्सव का समापन मंगलवार को मनातू स्थित सहज मंदिर, निर्मल धाम में श्रद्धा एवं भक्तिभाव के साथ विजयादशमी के अवसर पर हुआ। सहजयोग परिवार की ओर से आयोजित विशेष कार्यक्रम में सामूहिक पूजा, ध्यान, भजन एवं आरती के माध्यम से माँ आदिशक्ति और नवदुर्गा के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई।
कार्यक्रम में श्री गणेश अथर्वशीर्ष का पाठ, कुण्डलिनी जागरण एवं बंधन, तीन महामंत्र, श्री सीताराम-हनुमान वंदना तथा समर्पण भजन हुए। नौ दिनों की आराधना के उपरांत विधिवत घट समापन किया गया और श्री माताजी की सामूहिक आरती की गई।
युवा शक्ति टीम द्वारा रामायण पर आधारित नाटक का हुआ मंचन
इस अवसर पर युवा शक्ति टीम द्वारा रामायण पर आधारित नाटक का मंचन भी किया गया। नाटक के माध्यम से भगवान श्रीराम के आदर्शों, मर्यादा, भक्ति तथा अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश प्रस्तुत किया गया। विजयादशमी के आध्यात्मिक महत्व को रेखांकित करते हुए आंतरिक बुराइयों पर विजय, आत्मशुद्धि, प्रेम और सद्भाव का संकल्प लिया गया।
निर्मल धाम परिसर में इस वर्ष दूसरी बार रावण-दहन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। उपस्थित श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीराम के आदर्शों का स्मरण करते हुए बुराई पर अच्छाई और अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश आत्मसात किया।
कार्यक्रम का समापन महामंत्र, क्षमा-प्रार्थना, सामूहिक ध्यान एवं बंधन के साथ हुआ। इसके बाद निर्मल धाम परिसर में आयोजित रावण-दहन कार्यक्रम संपन्न हुआ। अंत में श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद एवं खिचड़ी का वितरण किया गया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में ये रहे शामिल
गोकुल मोहता ,पुष्पा मोहता, डॉ. मनोज, गोविंद मोहता, शारदा दीदी, संजय, बालेश्वर जी, बसंत दास, जूली, डॉ बी.बी. लाल , जगदीश महतो सहित अन्य सहयोगियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।यह जानकारी राजेश सोमानी ने दी।




