रांची: सीआईएल एवं सीसीएल कोल इंडिया लिमिटेड एवं अपना 52वां स्थापना दिवस रविवार को हर्षोल्लास एवं गरिमामय वातावरण में मनाया गया। इस अवसर पर सीसीएल मुख्यालय में आयोजित समारोह में निदेशक (मानव संसाधन) हर्ष नाथ मिश्र एवं मुख्य सतर्कता अधिकारी (सीवीओ) पंकज कुमार बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित रहे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महाप्रबंधकगण, विभागाध्यक्षगण, अधिकारीगण, कर्मचारीगण एवं हितधारकों की गरिमामयी उपस्थिति रही।
also read : नितिन नवीन का कांग्रेस पर हमला पीएम मोदी 2029 में फिर लाल किले की प्राचीर पर आएंगे नजर, विपक्ष हताश और निराश…
कार्यक्रम की शुरुआत निदेशक, सीवीओ एवं अन्य उपस्थित कोलकर्मियों के द्वारा शहीद स्मारक पर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करने के साथ हुई। इसके बाद गंगोत्री कन्वेंशन सेंटर में सीसीएल ध्वज एवं क्षेत्रीय ध्वज फहराया गया। तत्पश्चात राष्ट्रगीत एवं सीआईएल कॉर्पोरेट गीत का सामूहिक गायन किया गया। इस अवसर पर उत्साह एवं उमंग के प्रतीक स्वरूप गुब्बारे भी छोड़े गए।
इस अवसर पर निदेशक (मानव संसाधन) हर्ष नाथ मिश्र ने अपने संबोधन में सीआईएल एवं सीसीएल के गौरवशाली इतिहास, उपलब्धियों और विकास यात्रा की सराहना करते हुए कहा कि कंपनी की सफलता के पीछे इसके प्रत्येक कर्मी का समर्पण, कठिन परिश्रम और टीम भावना है। उन्होंने कहा कि सीसीएल केवल कोयला उत्पादन तक सीमित नहीं है, बल्कि देश की ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ-साथ सामाजिक एवं सतत आर्थिक विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। उन्होंने सभी कर्मियों से सुरक्षा, गुणवत्ता, नवाचार एवं पर्यावरण संरक्षण को अपनी कार्यशैली का अभिन्न हिस्सा बनाने तथा कंपनी को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयासरत रहने का आह्वान किया।
also read : अज्ञात वाहन ने मारी टक्कर , JTET परीक्षा की ड्यूटी पर जा रही महिला पुलिस जवान की मौत
मुख्य सतर्कता अधिकारी (सीवीओ) पंकज कुमार ने अपने संबोधन में सभी को स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि किसी भी संस्थान की वास्तविक ताकत उसकी कार्यसंस्कृति, पारदर्शिता और नैतिक मूल्यों में निहित होती है। उन्होंने कहा कि कोल कर्मियों की मेहनत, समर्पण और सामूहिक योगदान से ही कोयला उत्पादन के साथ-साथ देश के विकास और ऊर्जा आवश्यकताओं को गति मिलती है। सभी कर्मियों की निष्ठा, प्रतिबद्धता एवं सकारात्मक सोच ही संस्थान को निरंतर प्रगति के पथ पर आगे बढ़ाते हुए राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
सीआईएल तथा सीसीएल की यह 52 वर्षों की यात्रा निरंतर मेहनत, समर्पण, नवाचार और राष्ट्र सेवा की भावना का प्रतीक है। कंपनी ऊर्जा सुरक्षा के साथ-साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण संरक्षण, कौशल विकास एवं सामुदायिक कल्याण के क्षेत्र में भी निरंतर महत्वपूर्ण पहल कर रही है। समारोह का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।



