रांची : झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) द्वारा आयोजित विभिन्न परीक्षाओं में कथित धांधली तथा आंदोलनकारी छात्रों पर दर्ज मुकदमों के विरोध में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने राज्य सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी के नेतृत्व में एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने प्रोजेक्ट भवन में राज्य के मुख्य सचिव से मुलाकात की और तीन प्रमुख मांगों का ज्ञापन सौंपा। भाजपा ने राज्य सरकार को 48 घंटे का अल्टीमेटम देते हुए स्पष्ट किया है कि यदि निर्धारित समय के भीतर छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस नहीं लिए गए, तो पार्टी छात्रों के साथ मिलकर राज्यव्यापी सड़क आंदोलन करने को बाध्य होगी।
Read More : राम मंदिर ट्रस्ट की बैठक में 3 नए सदस्य शामिल, CEO पर मंथन तेज
मुख्य सचिव को सौंपे गए ज्ञापन की 3 प्रमुख मांगें
छात्रों पर दर्ज FIR तुरंत रद्द हों : जेपीएससी व जेएसएससी परीक्षाओं में धांधली के खिलाफ शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले 1,000 से अधिक निर्दोष छात्रों पर राज्य के विभिन्न थानों में दर्ज सभी मुकदमों को अविलंब निरस्त किया जाए। भाजपा ने सर्वोच्च न्यायालय के उस आदेश का हवाला भी दिया, जिसमें छात्र आंदोलनों के दौरान दर्ज केस वापस लेने के निर्देश दिए गए हैं।
JPSC-JSSC धांधली की CBI जांच : राज्य सरकार स्वीकार करे कि परीक्षाओं में व्यापक पैमाने पर गड़बड़ी हुई है और रद्द या स्थगित की गई सभी परीक्षाओं की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) से कराने की अनुशंसा करे।
आयोग के दोषी सदस्यों व अधिकारियों की गिरफ्तारी : आयोग के अध्यक्ष की गिरफ्तारी के बाद मामले में समान रूप से संलिप्त आयोग के अन्य सदस्यों तथा वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों की भी तुरंत गिरफ्तारी व कानूनी कार्रवाई की जाए।
“सत्ताधारी गुंडों पर नहीं हुई कार्रवाई, छात्रों पर चला दी लाठियां” : आदित्य साहू
ज्ञापन सौंपने के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा, “राज्य के युवा वर्षों की मेहनत के बाद परीक्षाओं की तैयारी करते हैं, लेकिन रातों-रात प्रश्नपत्र लीक कर नौकरियां बेच दी जाती हैं। जब छात्र शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से अपनी आवाज उठाते हैं, तो मुख्यमंत्री के निर्देश पर पुलिस उन पर लाठीचार्ज करती है।” आदित्य साहू ने आरोप लगाया कि रांची, गिरिडीह, चतरा, हजारीबाग और रामगढ़ जिलों में झामुमो (JMM) कार्यकर्ताओं ने लाठी-डंडों से छात्रों के साथ हिंसा और गुंडागर्दी की, लेकिन सरकार ने उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। उन्होंने सरकार पर छात्रों और भाजपा कार्यकर्ताओं के खिलाफ एकतरफा बर्बर कार्रवाई करने का आरोप लगाया।
प्रतिनिधिमंडल में शामिल प्रमुख नेता
मुख्य सचिव से मिलने पहुंचे उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी के अलावा राष्ट्रीय मंत्री डॉ. प्रदीप वर्मा, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दीपक प्रकाश, प्रदेश उपाध्यक्ष राकेश प्रसाद व भानु प्रताप शाही, प्रदेश महामंत्री अमर कुमार बाउरी, सांसद बी.डी. राम, विधानसभा में मुख्य सचेतक नवीन जायसवाल, विधायक सी.पी. सिंह, सत्येंद्र नाथ तिवारी, डॉ. नीरा यादव, राज सिन्हा, नागेंद्र महतो, आलोक चौरसिया, शशिभूषण मेहता, मंजू कुमारी, शत्रुघ्न महतो, रागिनी सिंह और रौशनलाल चौधरी प्रमुख रूप से मौजूद रहे




