रांची : झारखंड में 108 एम्बुलेंस सेवा से जुड़े कर्मचारियों की हड़ताल खत्म हो गई है। शुक्रवार को नामकुम स्थित राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) कार्यालय में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी और अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक के बाद यह फैसला लिया गया। बैठक में कर्मचारियों की बहाली, बकाया वेतन और एम्बुलेंस सेवा के संचालन को लेकर कई अहम निर्णय हुए।
बैठक में कर्मचारियों और कंपनी के प्रतिनिधियों के बीच कई मुद्दों पर तीखी बहस भी हुई। कर्मचारियों ने बकाया वेतन, ईपीएफ (EPF), ईएसआईसी (ESIC) और नौकरी से हटाए गए कर्मियों की बहाली का मुद्दा उठाया। वहीं, कंपनी के प्रतिनिधियों ने कर्मचारियों को हटाने के पीछे हड़ताल और सेवा में रुकावट को वजह बताया।
20 बर्खास्त कर्मचारियों को वापस लेने का निर्देश
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कंपनी और विभागीय अधिकारियों को नौकरी से हटाए गए 20 कर्मचारियों को दोबारा काम पर लेने का निर्देश दिया। इनमें से 15 कर्मचारियों को तुरंत ड्यूटी पर लगाने और बाकी पांच को भी अगले दिन से काम पर वापस लेने के लिए पत्र जारी करने को कहा गया। मंत्री ने साफ कहा कि बिना उचित कारण किसी कर्मचारी को नौकरी से हटाना स्वीकार नहीं किया जाएगा।
बकाया वेतन के भुगतान के लिए बनेगी समिति
कर्मचारियों के बकाया वेतन और दूसरी लंबित राशि के भुगतान का रास्ता निकालने के लिए पांच सदस्यीय समिति बनाई जाएगी। यह समिति अलग-अलग जिलों में भुगतान से जुड़े दस्तावेजों की जांच करेगी।
इसके साथ ही ईपीएफ और ईएसआईसी से जुड़े मामलों का मिलान किया जाएगा। जांच पूरी होने के बाद बकाया राशि की सूची तैयार होगी और भुगतान की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।
छठ के बाद नई एजेंसी संभालेगी एम्बुलेंस सेवा
बैठक में 108 एम्बुलेंस सेवा के संचालन के लिए नई एजेंसी चुनने पर भी चर्चा हुई। इसके लिए शॉर्ट नोटिस टेंडर की प्रक्रिया चल रही है। स्वास्थ्य मंत्री ने भरोसा दिया कि छठ पर्व के बाद नई एजेंसी सेवा की जिम्मेदारी संभाल लेगी। इससे एम्बुलेंस सेवा के संचालन में सुधार आने की उम्मीद है।
कर्मचारियों की समस्याओं को जल्द दूर करने के लिए NHM मुख्यालय में 108 एम्बुलेंस कार्यक्रम प्रबंधक की टीम को जिम्मेदारी दी जाएगी। इसके अलावा हर जिले में व्हाट्सऐप ग्रुप बनाने की योजना है, ताकि कर्मचारी अपनी समस्याएं सीधे अधिकारियों तक पहुंचा सकें।
मंत्री ने कर्मचारियों को भरोसा दिया कि अगर उन्हें किसी तरह की धमकी दी जाती है या उन पर गलत दबाव बनाया जाता है, तो वे सीधे मंत्री कार्यालय या NHM के अधिकारियों से संपर्क कर सकते हैं।
हड़ताल पर स्वास्थ्य मंत्री ने जताई नाराजगी
मंत्री अंसारी ने 108 एम्बुलेंस सेवा में बार-बार हड़ताल होने पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि एम्बुलेंस एक आपातकालीन सेवा है और इससे मरीजों की जान जुड़ी होती है। अगर समय पर एम्बुलेंस नहीं मिलने से किसी मरीज की जान जाती है, तो जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की जाएगी।
मंत्री ने कर्मचारियों से कहा कि वे अपनी समस्याएं अधिकारियों के सामने रखें, लेकिन एम्बुलेंस सेवा बाधित न करें। उन्होंने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की नाराजगी का भी जिक्र किया और कहा कि बार-बार हड़ताल होने से आम लोगों को परेशानी होती है।
बैठक के बाद हड़ताल खत्म होने से एम्बुलेंस सेवा से जुड़े विवादों को सुलझाने की दिशा में कदम बढ़ा है। अब कर्मचारियों की बहाली, बकाया भुगतान और नई एजेंसी के काम संभालने से जुड़े फैसलों पर अमल करना अहम होगा।




