नई दिल्ली : संसद के मॉनसून सत्र का मंगलवार को सातवां दिन हंगामे के साथ शुरू हुआ। लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही निर्धारित समय सुबह 11 बजे शुरू हुई, लेकिन विपक्षी सांसदों के विरोध और हंगामे के कारण दोनों सदनों की कार्यवाही दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित करनी पड़ी।
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लोकसभा में आज पब्लिक एग्जामिनेशन (गलत तरीकों से बचाव) अमेंडमेंट बिल, 2026 पर चर्चा और उसे पारित कराने का कार्यक्रम तय था। वहीं, राज्यसभा में माइक्रो, स्मॉल एंड मीडियम एंटरप्राइजेज डेवलपमेंट (अमेंडमेंट) बिल, 2026 पेश किया जाना है। इसके अलावा नेशनल ऑनर के अपमान से बचाव (अमेंडमेंट) बिल, 2026 को भी पारित कराने का एजेंडा निर्धारित है।
लोकसभा के एजेंडे में कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव
28 जुलाई के लोकसभा कार्यसूची के अनुसार केंद्रीय पर्सनल, पब्लिक ग्रीवांस और पेंशन राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह पब्लिक एग्जामिनेशन (गलत तरीकों से बचाव) अमेंडमेंट बिल, 2026 को विचार और पारित करने का प्रस्ताव सदन में रखने वाले हैं। यह विधेयक पब्लिक एग्जामिनेशन (गलत तरीकों से बचाव) एक्ट, 2024 में संशोधन से जुड़ा है। प्रश्नकाल के बाद केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद, राम नाथ ठाकुर, नित्यानंद राय, एसपी सिंह बघेल, बीएल वर्मा, बंदी संजय कुमार और पवित्रा मार्गेरिटा सदन के पटल पर विभिन्न पत्र रखेंगे। इसके अलावा सांसद कनिमोझी करुणानिधि और राव राजेंद्र सिंह उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण संबंधी स्थायी समिति की वर्ष 2026-27 की अनुदान मांगों से जुड़ी दो रिपोर्ट पेश करेंगे। जितिन प्रसाद और राम नाथ ठाकुर संसदीय स्थायी समितियों की सिफारिशों के क्रियान्वयन पर भी बयान देंगे।
हंगामे के कारण कार्यवाही स्थगित
सदन की कार्यवाही शुरू होने के कुछ ही समय बाद विपक्षी सांसदों ने हंगामा शुरू कर दिया। लगातार जारी शोर-शराबे के बीच लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही सुचारु रूप से नहीं चल सकी। इसके बाद पीठासीन अधिकारियों ने दोनों सदनों की कार्यवाही दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित कर दी।




